मनोनयन पर सौरभ तिवारी ने सदर विधायक आनंद मिश्र के प्रति आभार जताया. साथ ही भाजपा ग्रामीण मंडल अध्यक्ष दीपक सिंह ‘अमित’ को भी धन्यवाद दिया, जिन्होंने उनके नाम का प्रस्ताव रखा.
- सदर विधायक आनंद मिश्रा ने उच्च विद्यालयों में की मानद सदस्यों की घोषणा
- शिक्षा के प्रति पारिवारिक विरासत को आगे बढ़ाने का संकल्प
बक्सर टॉप न्यूज़, बक्सर : जिले में शिक्षा व्यवस्था को सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए सदर विधायक आनंद मिश्र ने अपने विधानसभा क्षेत्र के सभी उच्च विद्यालयों की प्रबंधन समितियों में मानद सदस्यों की घोषणा की है. इसी क्रम में सदर प्रखंड के तिवारीपुर उच्च विद्यालय में भाजपा युवा मोर्चा के पूर्व जिलाध्यक्ष सौरभ तिवारी को मानद सदस्य मनोनीत किया गया है, जिससे क्षेत्र में उत्साह का माहौल है और बधाइयों का तांता लगा है.
प्रबुद्धजनों ने हर्ष व्यक्त करते हुए कहा कि सौरभ तिवारी का मनोनयन न केवल एक जिम्मेदारी है, बल्कि उनके परिवार की समृद्ध शैक्षिक विरासत को आगे बढ़ाने का अवसर भी है. विदित हो कि उनके दादा स्वर्गीय जोड़ीलाल तिवारी एक प्रबुद्ध शिक्षक थे, जिन्होंने शाहाबाद माध्यमिक शिक्षक संघ के अध्यक्ष के रूप में भी अपनी सेवाएं दीं. उन्होंने अपने शुरुआती दिनों में बक्सर उच्च विद्यालय में शिक्षक के रूप में कार्य किया.
ग्रामीण क्षेत्र में शिक्षा की कमी, खासकर बेटियों की शिक्षा में आने वाली कठिनाइयों को देखते हुए उन्होंने वर्ष 1958 में तिवारीपुर में एक हाई स्कूल की स्थापना की. बाद में वर्ष 1964 में इस विद्यालय को बिहार सरकार द्वारा राजकीयकृत किया गया. इसके बाद उन्होंने प्रधानाध्यापक के रूप में अपनी सेवाएं दीं और जीवनभर विद्यालय के विकास के प्रति समर्पित रहे.
उनके इस अमूल्य योगदान को सम्मान देते हुए तत्कालीन विधायक स्वर्गीय जगनारायण त्रिवेदी ने समाज और परिवार के सहयोग से विद्यालय परिसर में उनकी प्रतिमा स्थापित करवाई, ताकि छात्र-छात्राएं उनके जीवन से प्रेरणा ले सकें.
सौरभ तिवारी ने बताया कि उनके दादाजी को उस समय लोग “आधुनिक विश्वामित्र” और “शाहाबाद के मालवीय” के रूप में संबोधित करते थे. उनके शिष्यों की एक लंबी श्रृंखला आज देश-विदेश में अपनी पहचान बना रही है.
अपने मनोनयन पर सौरभ तिवारी ने सदर विधायक आनंद मिश्र के प्रति आभार जताया. साथ ही भाजपा ग्रामीण मंडल अध्यक्ष दीपक सिंह ‘अमित’ को भी धन्यवाद दिया, जिन्होंने उनके नाम का प्रस्ताव रखा.
उन्होंने कहा कि विद्यालय की गरिमा और व्यवस्था को नई ऊंचाइयों पर ले जाना उनका मुख्य लक्ष्य होगा.




.png)


.png)










0 Comments