वीडियो: मेड इन अमेरिका "चिनूक" को बनाने के लिए भारतीय "चेतक" से लाए गए उपकरण ..

जैसे ही चेतक हेलीकॉप्टर मानिकपुर उच्च विद्यालय के प्रांगण में चक्कर लगाना शुरू किया स्थानीय ग्रामीण कौतूहलवश चारों तरफ जमा हो गए और एकटक एयरफोर्स जवानों की गतिविधियों को देखने लगे ग्राउंड में कीचड़ जमा होने के कारण हेलीकॉप्टर को उतारा नहीं गया बल्कि जमीन की सतह से ऊपर ही हेलीकॉप्टर रुका रहा और लगभग कूदकर वायु सैनिक व्हाट्सएप उपकरण लेकर नीचे उतरे और फिर लगभग 1 मिनट के अंदर हेलीकॉप्टर वापस उड़ गया.





- पिकनिक स्पॉट के रूप में तब्दील होता जा रहा है मानिकपुर
- गुरुवार की देर रात तक नहीं बनाया जा सका है वायुसेना का विमान

बक्सर टॉप न्यूज, बक्सर: जिले के राजपुर थाना क्षेत्र के मानिकपुर गांव में इमरजेंसी में लैंड कराए गए अमेरिका निर्मित चिनूक हेलीकॉप्टर को ठीक करने के लिए आवश्यक उपकरण लेकर हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड के द्वारा निर्मित देशी हेलीकॉप्टर चेतक पहुंचा. जैसे ही चेतक हेलीकॉप्टर मानिकपुर उच्च विद्यालय के प्रांगण में चक्कर लगाना शुरू किया स्थानीय ग्रामीण कौतूहलवश चारों तरफ जमा हो गए और एकटक एयरफोर्स जवानों की गतिविधियों को देखने लगे ग्राउंड में कीचड़ जमा होने के कारण हेलीकॉप्टर को उतारा नहीं गया बल्कि जमीन की सतह से ऊपर ही हेलीकॉप्टर रुका रहा और लगभग कूदकर वायु सैनिक व्हाट्सएप उपकरण लेकर नीचे उतरे और फिर लगभग 1 मिनट के अंदर हेलीकॉप्टर वापस उड़ गया.




इसके पूर्व अमेरिकी हेलीकॉप्टर के इंजन की तस्वीरें लेकर विशेषज्ञों ने अमेरिकी विशेषज्ञों को भेजी जिसके बाद उनके निर्देश पर जरूरी उपकरणों के बारे में जानकारी दी गई और फिर बिहटा एयर फोर्स स्टेशन से कुछ और विशेषज्ञ आवश्यक उपकरण लेकर बक्सर के लिए रवाना हुए. बुधवार की शाम तकरीबन 5:00 बजे लैंड कराए गए चिनूक विमान को बनाए जाने का काम शुक्रवार की सुबह की तक चल रहा है लेकिन, विशेषज्ञों को कोई सफलता नहीं मिली है. 



दूर-दूर से पहुंच रहे हैं लोग, पिकनिक स्पॉट बना मानिकपुर:

बुधवार से पूर्व जिस मानिकपुर गाँव को केवल जिले के बारे में जानकारी रखने वाले लोग ही जान रहे थे वहीं, वायुसेना के हेलीकॉप्टर के इमरजेंसी लैंडिंग के बाद पूरे देश में उस मानिकपुर की चर्चा हो गई. अब तो जिला मुख्यालय समेत जिले के विभिन्न भागों से लोग मानिकपुर जाने की तैयारी कर रहे हैं. जिला मुख्यालय के निवासी सुनील कुमार बताते हैं कि बच्चों की जिद है कि वह वायुसेना का हेलीकॉप्टर नजदीक से देखेंगे. ऐसे में वह शुक्रवार को बच्चों को लेकर वहां जाएंगे उधर, स्थानीय ग्रामीणों की भीड़ देखते हुए छोला-चाट विक्रेताओं के द्वारा भी शुक्रवार यहां छोला-चाट के स्टॉल लगाने का निर्णय लिया गया है.

लोगों को भीड़ लगाने से परहेज करने का आग्रह कर रहे हैं जवान:

हेलीकॉप्टर देखने के लिए पहुंच रहे स्थानीय लोगों के द्वारा बार-बार जवानों से यह पूछा जा रहा है कि यदि उन्हें किसी भी प्रकार की कोई दिक्कत हो तो ग्रामीण उनकी मदद करने के लिए तैयार हैं लेकिन, जवानों का कहना है कि उनके लिए सबसे बड़ी मदद यही होगी कि लोगों की भीड़ कम से कम हो. स्थानीय पुलिस के द्वारा मजबूत सुरक्षा घेरा बनाया गया है जिसके अंदर प्रवेश करने इजाजत नहीं है.

वीडियो: 







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